वैज्ञानिकों ने यह भी कहा है कि चुंबन के मुकाबले हाथ मिलाने से लोगों के ज्यादा बीमार होने का खतरा रहता है। इसके अलावा पार्टनर को चूमने के और भी कई फायदे होते हैं। आपको बता दें कि होंठ हमारे सबसे ज्यादा संवेदनशील अंगों में से एक होते हैं। इनकी नसें काफी संवेदनशील होती हैं। एक चुंबन दो लोगों के शरीर में न्यूरोट्रांसमीटर स्थापित करने और हॉर्मोन्स के उमड़ने का काम करता है, जिसके जरिये हमारी सोच और भावनाएं प्रभावित होने लगती हैं।
इसके अलावा वैज्ञानिकों ने यह भी बताया है कि यदि दो लोगों की कैमिस्ट्री अच्छी है तो एक चुंबन उनके बीच नया रोमांस शुरू कर सकता है। स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ न्यूयॉर्क के मनोवैज्ञानिक बताते हैं कि 59 फीसद पुरुष और 66 फीसद महिलाएं चुंबन ठीक नहीं हो पाने से अपने रिश्ते खत्म कर लेते हैं।
चुंबन किसी के स्वभाव के बारे में जानने का लिटमस टेस्ट हो सकता है। एक चुंबन किसी रिश्ते का भविष्य तय करने में अहम भूमिका निभाता है। चुंबन के बाद ही कई लोग अपने रिश्तों को जारी रखने या खत्म करने का फैसला लेते हैं।
चुंबन केवल रिश्ते मजबूत करने ही नहीं अपितु कई और मामलों में भी फायदेमंद हैं। इससे चेहरे, जीभ, होंठों और स्किन के कई नसें सक्रिय होते हैं और दिमाग को संदेश जाता है।
शोध में बताया गया है कि चुंबन कई तरह के होते है और कहा गया है कि विज्ञान ने अब जाकर चुंबन के वैज्ञानिक पहलुओं पर नजर दौड़ाना शुरू किया है।
इतना ही नहीं, इंसानों के मुंह में मौजूद बैक्टीरिया भोजन के पाचन में मदद करते हैं और बीमारी से बचाते हैं।
चुंबन को औपचारिकता मानने वाले लोग शायद यह बात नहीं जानते होंगे कि
किसिंग के कई वैज्ञानिक पहलू भी हैं। नीदरलैंड के वैज्ञानिकों ने एक शोध
में बताया है कि दिन में नौ बार एक दूसरे का चुंबन लेने वाले प्रेमी जोड़ों
में अरबों की तादात में बैक्टीरिया ट्रांसफर हो जाते हैं। वैज्ञानिकों ने
पाया है कि 10 सेकंड के एक चुंबन के दौरान 8 करोड़ बैक्टीरिया ट्रांसफर
होते हैं।
वैज्ञानिकों ने यह भी कहा है कि चुंबन के मुकाबले हाथ मिलाने से लोगों के ज्यादा बीमार होने का खतरा रहता है। इसके अलावा पार्टनर को चूमने के और भी कई फायदे होते हैं। आपको बता दें कि होंठ हमारे सबसे ज्यादा संवेदनशील अंगों में से एक होते हैं। इनकी नसें काफी संवेदनशील होती हैं। एक चुंबन दो लोगों के शरीर में न्यूरोट्रांसमीटर स्थापित करने और हॉर्मोन्स के उमड़ने का काम करता है, जिसके जरिये हमारी सोच और भावनाएं प्रभावित होने लगती हैं।
इसके अलावा वैज्ञानिकों ने यह भी बताया है कि यदि दो लोगों की कैमिस्ट्री अच्छी है तो एक चुंबन उनके बीच नया रोमांस शुरू कर सकता है। स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ न्यूयॉर्क के मनोवैज्ञानिक बताते हैं कि 59 फीसद पुरुष और 66 फीसद महिलाएं चुंबन ठीक नहीं हो पाने से अपने रिश्ते खत्म कर लेते हैं।
चुंबन किसी के स्वभाव के बारे में जानने का लिटमस टेस्ट हो सकता है। एक चुंबन किसी रिश्ते का भविष्य तय करने में अहम भूमिका निभाता है। चुंबन के बाद ही कई लोग अपने रिश्तों को जारी रखने या खत्म करने का फैसला लेते हैं।
चुंबन केवल रिश्ते मजबूत करने ही नहीं अपितु कई और मामलों में भी फायदेमंद हैं। इससे चेहरे, जीभ, होंठों और स्किन के कई नसें सक्रिय होते हैं और दिमाग को संदेश जाता है।
शोध में बताया गया है कि चुंबन कई तरह के होते है और कहा गया है कि विज्ञान ने अब जाकर चुंबन के वैज्ञानिक पहलुओं पर नजर दौड़ाना शुरू किया है।
इतना ही नहीं, इंसानों के मुंह में मौजूद बैक्टीरिया भोजन के पाचन में मदद करते हैं और बीमारी से बचाते हैं।
- See more at: http://naidunia.jagran.com/world-affairs-of-the-lips-science-behind-what-makes-kissing-fun-544137#sthash.ebLDo26x.dpuf
वैज्ञानिकों ने यह भी कहा है कि चुंबन के मुकाबले हाथ मिलाने से लोगों के ज्यादा बीमार होने का खतरा रहता है। इसके अलावा पार्टनर को चूमने के और भी कई फायदे होते हैं। आपको बता दें कि होंठ हमारे सबसे ज्यादा संवेदनशील अंगों में से एक होते हैं। इनकी नसें काफी संवेदनशील होती हैं। एक चुंबन दो लोगों के शरीर में न्यूरोट्रांसमीटर स्थापित करने और हॉर्मोन्स के उमड़ने का काम करता है, जिसके जरिये हमारी सोच और भावनाएं प्रभावित होने लगती हैं।
इसके अलावा वैज्ञानिकों ने यह भी बताया है कि यदि दो लोगों की कैमिस्ट्री अच्छी है तो एक चुंबन उनके बीच नया रोमांस शुरू कर सकता है। स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ न्यूयॉर्क के मनोवैज्ञानिक बताते हैं कि 59 फीसद पुरुष और 66 फीसद महिलाएं चुंबन ठीक नहीं हो पाने से अपने रिश्ते खत्म कर लेते हैं।
चुंबन किसी के स्वभाव के बारे में जानने का लिटमस टेस्ट हो सकता है। एक चुंबन किसी रिश्ते का भविष्य तय करने में अहम भूमिका निभाता है। चुंबन के बाद ही कई लोग अपने रिश्तों को जारी रखने या खत्म करने का फैसला लेते हैं।
चुंबन केवल रिश्ते मजबूत करने ही नहीं अपितु कई और मामलों में भी फायदेमंद हैं। इससे चेहरे, जीभ, होंठों और स्किन के कई नसें सक्रिय होते हैं और दिमाग को संदेश जाता है।
शोध में बताया गया है कि चुंबन कई तरह के होते है और कहा गया है कि विज्ञान ने अब जाकर चुंबन के वैज्ञानिक पहलुओं पर नजर दौड़ाना शुरू किया है।
इतना ही नहीं, इंसानों के मुंह में मौजूद बैक्टीरिया भोजन के पाचन में मदद करते हैं और बीमारी से बचाते हैं।
- See more at: http://naidunia.jagran.com/world-affairs-of-the-lips-science-behind-what-makes-kissing-fun-544137#sthash.ebLDo26x.dpuf
No comments:
Post a Comment